Seoni: नेशनल लोक अदालत में 36050141 रूपए का संव्यवहार

सिवनी, 14 मई। जिला न्यायालय सिवनी, तहसील न्यायालय लखनादौन एवं घंसौर में शनिवार को आयोजित नेशनल लोक अदालत में 1113 लोग लाभांवित हुए जिनसे 36050141 राशि का संव्यवहार हुआ।

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव विकास शर्मा ने शनिवार की शाम को जानकारी दी कि
राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के आदेशानुसार जिला न्यायालय सिवनी, तहसील न्यायालय लखनादौन एवं घंसौर में शनिवार को नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया गया जिसमें लोक अदालत में दीवानी एवं दांडिक न्यायालयों की कुल 22 खण्डपीठें गठित की गई। इन खंडपीठों में समझौता योग्य रखे गये आपराधिक प्रकरण 712 में 72 प्रकरण निराकृत किये गये जिसमें कुल 9814350 रूपये का समझौता राशि के आदेश पारित हुआ। वहीं धारा 138 चेक बाउन्स के 1089 प्रकरण में से 27 प्रकरण निराकृत व 3102950 रूपये की समझौता राशि का आदेश पारित हुआ। इसी प्रकार मोटर दुर्घटना क्षतिपूर्ति दावा के 502 प्रकरण में से 24 प्रकरण निराकृत व 4938000 रूपये राशि का अवार्ड पारित किया गया। अन्य सिविल प्रकरण 843 में से 13 प्रकरणों का निराकरण हुआ जिनमें 373609 रूपये की समझौता राशि का आदेश पारित हुआ।
आगे बताया गया कि विद्युत अधिनियम के 115 प्रकरण रखे गये, जिनमें 32 प्रकरण निराकृत हुए एवं 336640 रूपये समझौता राशि का आदेश पारित किया गया। पारिवारिक विवाद से संबंधित 297 प्रकरण रखे गये थे, जिनमें 23 प्रकरण निराकृत हुए। इसी प्रकार पूर्व वाद प्रकरणों में बैंक वसूली के 5384 प्रकरण रखे गये, जिनमें 243 प्रकरणों में आपसी समझौते से 11774900 रूपये की राशि का वसूली आदेश पारित किया गया, विद्युत अधिनियम के पूर्व वाद प्रकरण 1028 रखे गये जिनमें 199 प्रकरण निराकृत हुए एवं 1371734 रूपये की समझौता राशि का आदेश पारित हुआ। इसी प्रकार नगरपालिका से संबंधित जलकर के 801 में से ं 77 प्रकरण निराकृत एवं 465225 रूपये की जलकर की राशि वसूल की गई। इसके अतिरिक्त भारत दूर संचार निगम के लंबित देयक के 605 प्रकरण में से ं 40 प्रकरण निराकृत हुये एवं 212731 रूपये की वसूली राशि के आदेश पारित किये गये। यह सभी मामलों का निराकरण पक्षकारों की आपसी सहमति से हुआ। जिला एवं सत्र न्यायाधीश रामब्रेस यादव, ने पक्षकारों को आपसी रजामंदी के द्वारा मामलों के निराकरण के लिए बधाई दी।
नेशनल लोक अदालत में प्रीलिटिगेशन के 559 तथा कुल 196 लंबित मामलों का निराकरण किया गया। वहीं शनिवार को जेल लोक अदालत भी आयोजित की गई जिसमें भा.दं.सं. की धारा-379 के एक प्रकरण का निराकरण मृतक फरियादी के विधिक वारिसान द्वारा किया जाने पर अभियुक्त को दोषमुक्त किया गया।
हिन्दुस्थान संवाद

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