भोपाल, 21 सितम्बर। मध्यप्रदेश होम्योपैथी परिषद में पंजीकृत चिकित्सक, जिनके द्वारा पाँच वर्ष की अवधि समाप्त होने के बाद पंजीयन का पुनरीक्षण नहीं कराया गया है, वे अपने पंजीयन के पुनरीक्षण के लिए एम.पी. ऑनलाइन के माध्यम से या स्वयं उपस्थित होकर निर्धारित प्रपत्र में ऑफलाइन आवेदन कर सकते हैं। परिषद में पंजीकृत सभी चिकित्सकों को पंजीयन का पुनरीक्षण प्रत्येक पाँच वर्ष में कराना अनिवार्य है।

मध्यप्रदेश राज्य होम्योपैथी परिषद के रजिस्ट्रार डॉ. आयशा अली ने बताया कि मध्यप्रदेश होम्योपैथी परिषद द्वारा पंजीकृत होम्योपैथी चिकित्सा व्यवसायियों, पंजीकृत चिकित्सकों के राज्य रजिस्टर के पुनरीक्षण की कार्यवाही प्रचलन में है। जिन चिकित्सकों ने पंजीयन के पाँच वर्ष की अवधि समाप्ति के बाद भी पुनरीक्षण नहीं कराया है। उन्हें तीन माह की अवधि में पुनरीक्षण के लिये परिषद को ऑनलाइन या ऑफलाइन आवेदन करना चाहिए। निर्धारित अवधि के पश्चात पंजीकरण का पुनरीक्षण नहीं कराने वाले होम्योपैथी चिकित्सकों का नाम राज्य रजिस्टर से हटा दिया जाएगा। ऐसी स्थिति में सम्पूर्ण जिम्मेदारी स्वयं संबंधित चिकित्सक की होगी।

हिन्दुस्थान संवाद